RBI MPC Meeting: रेपो रेट 5.25% पर बरकरार, रिजर्व बैंक ने लगातार चौथी बार नहीं किया बदलाव

The Hind 24 | 10 लाइनों में समझें पूरा मामला

रेपो रेट स्थिर: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मौद्रिक नीति समिति (MPC) ने सर्वसम्मति से रेपो रेट को 5.25% पर अपरिवर्तित रखने का फैसला किया है।

बैठक का फैसला: 3 से 5 अगस्त 2026 तक आयोजित तीन दिवसीय नीतिगत समीक्षा बैठक के बाद 5 अगस्त को इस निर्णय का ऐलान किया गया।

लगातार चौथी बार राहत: यह लगातार चौथी द्विमासिक बैठक है जिसमें केंद्रीय बैंक ने ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया है।

‘न्यूट्रल’ स्टैंस कायम: रिजर्व बैंक ने अपने नीतिगत रुख (Monetary Policy Stance) को ‘न्यूट्रल’ (तटस्थ) बनाए रखा है।

अन्य दरों की स्थिति: लिक्विडिटी एडजस्टमेंट फैसिलिटी (LAF) के तहत स्टैंडिंग डिपॉजिट फैसिलिटी (SDF) 5.00% तथा मार्जिनल स्टैंडिंग फैसिलिटी (MSF) और बैंक दर 5.50% पर स्थिर बनी हुई है।

फैसले की वजह: वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव और बाजार की अनिश्चितताओं के बावजूद घरेलू अर्थव्यवस्था की मजबूती को देखते हुए यह फैसला लिया गया।

GDP ग्रोथ का अनुमान बढ़ाया: आरबीआई ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए भारत की जीडीपी विकास दर (Real GDP Growth) का अनुमान बढ़ाकर 6.7% कर दिया है।

महंगाई दर का आउटलुक: खाद्य व ऊर्जा कीमतों के दबाव के बीच FY27 के लिए खुदरा महंगाई दर (CPI Inflation) का अनुमान 5.0% पर आंका गया है।

आम जनता/ईएमआई पर असर: रेपो दर स्थिर रहने से बैंक लोन (होम, ऑटो व पर्सनल लोन) की ब्याज दरों और मासिक ईएमआई (EMI) पर तुरंत कोई अतिरिक्त बोझ नहीं पड़ेगा।

The Hind 24 रिपोर्ट: रिजर्व बैंक ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में दरों से जुड़ा कोई भी कदम महंगाई के आंकड़ों और आर्थिक विकास की दिशा पर निर्भर करेगा।